कोरोना के मरीजाें का हार्ट-फेफड़ा फेल, तीन की मौत; दो लखनऊ के


लखनऊ । कोरोना वायरस का जानलेवा हमला जारी है। अस्पताल में भर्ती मरीजों का हार्ट-फेफड़ा फेल हो रहा है। ऐसे में वेंटिलेटर पर भर्ती मरीजों की सांसें थम रही हैं। शनिवार को तीन मरीजों की मौत हो गई। इसमें दो लखनऊ निवासी हैं।


केजीएमयू में भर्ती कोरोना के तीन मरीज जिंदगी से जंग हार गए। संस्थान के प्रवक्ता डॉ. सुधीर सिंह के मुताबिक प्रतापगढ़ तकवा निवासी 22 वर्षीय युवक को 22 जुलाई को भर्ती कराया गया। उसे सांस लेने में तकलीफ होने लगी। मरीज को वेंटिलेटर पर शिफ्ट किया गया। युवक का हार्ट-फेफड़े फेल हो गए। सुबह पांच मरीज की सांसें थम गईं। ऐसे ही इंदिरा नगर निवासी 42 वर्षीय व्यक्ति को 20 जुलाई को केजीएमयू कोरोना वार्ड में भर्ती किया गया। मरीज ही हालत गंभीर होने पर वेंटिलेटर पर शिफ्ट किया गया। मरीज का हार्ट व फेफड़ों ने काम करना बंद कर दिया। दोपहर पौने एक बजे के करीब मरीज की मृत्यु हो गई। इसके अलावा कैसरबाग निवासी 40 वर्षीय मरीज काे केजीएमयू में भर्ती कराया गया। शनिवार सुबह भर्ती मरीज की हालत गंभीर थी। मरीज को कार्डियक अरेस्ट हो गया। साथ ही फेफड़ों ने काम करना बंद कर दिया। दाेपहर बाद तीन बजे मरीज की मौत हो गई।


झलकारीबाई हॉस्पिटल में अब हर मरीज की होगी कोरोना जांच


झलकारीबाई हॉस्पिटल में अब भर्ती होने वाले हर मरीज की कोरोना की जांच की जाएगी। साथ ही हॉस्पिटल प्रशासन की ओर से हॉस्पिटल को संक्रमण मुक्त रखने के लिए इमरजेंसी से लेकर इनडोर तक सुरक्षा के उपाय अपनाने के सख्त निर्देश दिए गए हैं। अस्पताल की मुख्य चिकित्सा अधीक्षिका डॉ.  सुधा वर्मा ने बताया कि संक्रमण से बचाव को लेकर इमरजेंसी व इनडोर में एहतियात के तौर पर सख्त उपाय किए गए हैं। अब किसी भी स्तर पर कोई कमी नहीं आने दी जाएगी। वार्ड में भर्ती सभी मरीजों की कोरोना जांच होगी जिससे हम जच्चा-बच्चा को संक्रमण मुक्त रख पायेंगे। वहीं, भर्ती मरीज के साथ रुकने वाले तीमारदार की भी जांच होगी। आने वाले समय में संक्रमण की दर तेजी से बढ़ने की आशंका को देखते हुए स्टाफ को मास्क, ग्लव्स पहनने, सेनिटाइजेशन जैसे उपायों को अपनाने के सख्त निर्देश दिए गए हैं।