शराब की ऑनलाइन होम डिलीवरी के लिए सरकार को मना रहीं कंपनियां


नई दिल्ली। देश में लॉकडाउन के चौथे चरण के दौरान ग्रीन जोन में आने वाले इलाकों में शराब की बिक्री की अनुमति दे दी गई है। हालांकि, इस दौरान शराब की दुकानों में कोरोना को रोकने लिए सोशल डिस्टेंसिंग का भी पूरा ध्यान रखा जाएगा। वहीं, हो सकता है कि शराब की ऑनलाइन डिलीवरी की भी शुरुआत हो। इसके लिए सरकार से बातचीत चल रही है।


ISWAI के चेयरमैन अमृत किरण सिंह ने हमारे सहयोगी अखबार एचटी को बताया कि हमने सरकार से कहा है कि शराब की दुकानों पर सोशल डिस्टेंसिंग का पूरा पालन किया जाएगा। जैसे ही नए दिशा-निर्देश लागू होंगे, हम 'सेफ शील्ड' की शुरुआत करेंगे। इसके तहत दुकानों के बाहर सोशल डिस्टेंसिंग, सैनिटाइजर के बारे में जानकारी दी जाएगी। वहीं, काउंटर पर ट्रे के जरिए से संपर्क रहित बिक्री होगी।


सिंह ने कहा कि सेफ शील्ड के दूसरे चरण में शराब की बोतलों की होम डिलीवरी पर चर्चा होगी। इसके लिए स्विगी और जोमेटो जैसे ऑनलाइन प्लेटफॉर्मों की सेवाओं की मदद ली जाएगी। ISWAI राज्य सरकारों का यह समझाने की कोशिश कर रहा है। उन्होंने कहा कि इससे दुकानों पर कम भीड़ होगी।


देश में 25 फीसदी शराब की बिक्री ऑफलाइन दुकानों के जरिए से होती रही है। वहीं, 25 फीसदी बार के माध्यम से होती है। हालांकि, इस समय बार बंद चल रहे हैं। उन्होंने कहा कि पिछले साल शराब की बिक्री से राज्य सरकारों को 2.84 लाख करोड़ रुपये का राजस्व मिला था। सिंह ने बताया कि उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस कुछ समय तक रहने वाला ही है, ऐसे में हमें सेफ शील्ड और होम डिलीवरी के बारे में सोचना होगा। यदि हम यह सही तरीके से कर लेते हैं तो राज्यों को 75 फीसदी राजस्व मिलने लगेगा।


बता दें कि शुक्रवार को लॉकडाउन बढ़ाए जाने के साथ ही गृह मंत्रालय द्वारा शराब और पान की दुकानों को खोलने के लिए दिशा-निर्देश जारी किए गए थे। इसमें यह कहा गया कि शराब की दुकानों और पान की दुकानों को एक दूसरे से न्यूनतम छह फीट की दूरी सुनिश्चित करते हुए ग्रीन जोन में कार्य करने की अनुमति दी जाएगी और यह सुनिश्चित करना होगा कि दुकान पर एक बार में 5 से अधिक व्यक्ति मौजूद न हों।