रोज अलग-अलग क्षेत्र में बाजार खुल सकेंगे

रेस्टोरेंट से होगी होम डिलीवरी, मिठाई की दुकानें भी खुलेंगी, दुकान में बैठकर खाने की अनुमति नहीं--बारात घर भी खुलेंगे, लेकिन शादी में शामिल होंगे केवल 20 लोग --खुले स्थानों पर दुकान लगा सकेंगे पटरी दुकानदार



लखनऊ। प्रदेश सरकार ने लॉक डाउन -4 में बड़ी राहत देते हुए बाजारों को खोलने का फैसला किया है। सभी बाजारों को इस तरह खोलने को कहा गया है कि प्रत्येक दिन अलग-अलग बाजार खुलें और सोशल डिस्टेंसिंग व अन्य प्रकार के निर्देशों का पालन कराया जाए। जिला प्रशासन इस संबंध में स्थानीय व्यापार मंडल के साथ बातचीत कर विस्तृत आदेश जिले स्तर से जारी करेंगे। अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश कुमार अवस्थी की ओर से जारी आदेश को मुख्य सचिव आरके तिवारी ने सोमवार को देर रात सभी जिलों को जारी किया। इसमें लॉक डाउन-4 में लागू होने वाले दिशा-निर्देशों और इसमें दी जाने वाली सहूलियतों के संबंध में स्थिति साफ की गई है। रविवार से ही इस आदेश का इंतजार किया जा रहा था। इसमें कहा गया है कि पूरे प्रदेश में जो दुकानें खुलेंगी, उनके सभी दुकानदारों को फेस कवर या मास्क लगाना होगा, ग्लब्स का इस्तेमाल करना होगा, दुकान में सेनेटाइजर की व्यवस्था करनी होगी। किसी भी खरीदार को यदि उसने मास्क नहीं पहना है तो उसे बिक्री नहीं की जाएगी। शासनादेश में रेस्टोरेंट आदि को केवल होम डिलीवरी की व्यवस्था के लिए खोलने की अनुमति दी गई है, उन्हें दुकान में ग्राहकों को बिठाकर भोजन कराने की छूट नहीं होगी। मिठाई की दुकानें भी खोलने की अनुमति दी गई है, लेकिन इन दुकानों से केवल बेचने का कार्य किया जाएगा। दुकानों में बैठकर खाने की अनुमति नहीं होगी। शादी में सिर्फ 20 लोग हो सकेंगे शामिलबारात घर भी खोले जाएंगे लेकिन शादी के लिए पूर्व अनुमति लेना आवश्यक होगा। इसमें 20 लोगों से ज्यादा लोगों के हिस्सा लेने की अनुमति नहीं होगी। पटरी व्यवसाइयों को भी अपना कार्य करने की अनमुति होगी लेकिन उन्हें फेस मास्क एवं ग्लब्स का इस्तेमाल करना होगा। उन्हें सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए केवल खुले स्थानों पर बिक्री करने की अनुमति दी जाएगी। नर्सिंग होम को इमरजेंसी व जरूरी आपरेशन की अनुमतिनर्सिंग होम एवं प्राइवेट अस्पतालों को इमरजेंसी एवं आवश्यक आपरेशन करने के लिए स्वास्थ्य विभाग की अनुमति दी जाएगी लेकिन यह अनुमति उन्हें सभी सुरक्षा उपकरण एवं प्रशिक्षण के बाद मिलेगी। इन्हें भी मिलेगी छूट-ग्रामीण क्षेत्र एवं नगर पालिका क्षेत्र में कन्टेनमेंट जोन के बाहर सभी दुकानों को सोशल डिस्टेंसिंग के साथ खोलने की अनुमति होगी।-शहरी क्षेत्र में कोई भी साप्ताहिक मंडी नहीं लगेगी एवं ग्रामीण क्षेत्र में साप्ताहिक मंडी सोशल डिस्टेंसिंग के साथ लगाने की अनुमति होगी।-सभी प्रकार की औद्योगिक गतिविधियों को कंटेनमेंट जोन के बाहर अनुमति होगी, लेकिन औद्योगिक इकाइयों को फेस मास्क व फेस कवर के साथ सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना होगा। औद्योगिक गतिविधियों के लिए बसों के इस्तेमाल पर उक्त सावधानी बरतनी होगी। -मुख्य सब्जी मंडी सुबह 4 बजे से 7 बजे तक खुलेगी। सब्जी मंडी का रिटेल वितरण सुबह 6 बजे से 9 बजे तक होगा एवं सब्जी मंडियों को बड़े व खुले स्थानों पर स्थापित कर सुबह 8 बजे से शाम 6 बजे तक सामान्य लोगों के लिए खोला जा सकेगा।


नए सिरे से तय किए कंटेनमेंट जोन-यूपी सरकार ने शहरों व ग्रामीण क्षेत्रों में कंटेनमेंट जोन व बफर जोन का दायरा नए सिरे से तय कर दिया है। गृह विभाग द्वारा जारी गाइडलाइंस के मुताबिक शहरी क्षेत्र के कंटेनमेंट जोन में अगर सिंगल केस है तो 250 मीटर या पूरा मोहल्ला जो कम हो, माना जाएगा। एक से ज्यादा केस होने पर क्लस्टर की स्थिति में 500 मीटर के रेडियस में कंटेनमेंट जोन होगा। उसके बाद 250 मीटर बफर जोन होगा। ग्रामीण क्षेत्र में सिंगल केस पर राजस्व गांव का मजरा शामिल होगा। एक से अधिक केस होने पर संपूर्ण राजस्व गांव कंटेनमेंट जोन होगा। इस गांव के इर्द-गिर्द पड़ने वाले दूसरे राजस्व ग्रामों के मजरे बफर जोन में आएंगे। केंटेनमेंट जोन में केवल स्वास्थ्य विभाग, स्वच्छता व डोर स्टेप डिलेवरी के कार्य ही हो सकेंगे। इस जोन में बहुत सख्ती होगी। केवल चिकित्सीय आपातकालीन स्थिति व आवश्यक वस्तुओं की पूर्ति को छोड़कर किसी व्यकि्त का अंदर या बाहर आवागमन प्रतिबंधित होगा। यहां कांट्रेक्ट ट्रेसिंग, हाउस टू हाउस सर्विलांस होगा।