उत्तर प्रदेश में आंधी-बारिश का कहर, वज्रपात से 16 लोगों की मौत और कई घायल

कोरोना संकट के बीच उत्तर प्रदेश में मौसम का मिजाज बिगड़ गया। गेहूं की कटाई व खलिहान में पड़ी कट चुकी गेहूं की फसल के साथ ही आम की फसल बर्बाद हो गई।



लखनऊ। कोरोना संकट के बीच उत्तर प्रदेश में शनिवार रात और रविवार सुबह मौसम का मिजाज बिगड़ गया। आंधी व अंधड़ के साथ बारिश-ओलावृष्टि और वज्रपात ने कहर बरपाया। गेहूं की कटाई व खलिहान में पड़ी कट चुकी गेहूं की फसल के साथ ही आम की फसल बर्बाद हो गई। किसानों के चेहरों पर चिंता की लकीरें नजर आईं जबकि वज्रपात से 16 लोगों की मौत हो गई और कई लोग घायल हो गए।


मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बेमौसम बारिश, बिजली और ओले गिरने से गोरखपुर व अंबेडकरनगर में हुई जनहानि पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने दिवंगतों के परिवारीजन को चार-चार लाख रुपये की राहत राशि तत्काल वितरित करने का निर्देश दिया है और उनके प्रति संवेदनाएं व्यक्त की हैं। उन्होंने घायलों की समुचित चिकित्सा व्यवस्था के प्रबंध भी सुनिश्चित किए जाने के निर्देश अधिकारियों को दिए हैं।


गोरखपुर रविवार की शाम बारिश और ओलावृष्टि के बीच बिजली गिरने से 11 लोगों की मौत हो गई। देवरिया में सात, गोरखपुर में तीन और कुशीनगर में एक मौत हुई है। वहीं सात लोग झुलस गए। कई स्थानों पर ओले भी पड़े। चौरीचौरा से लेकर देवरिया में भारी मात्रा में ओले पड़ने की खबर है। बारिश होने के बाद तापमान भी गिर गया है। आंबेडकरनगर में रविवार शाम कई स्थानों पर बरसात के बीच ओले पड़े। खेत में काम कर रहीं दो महिला, एक बालिका व एक व्यक्ति गंभीर रूप से झुलस गए। बाद में जिला अस्पताल में एक महिला व एक बालिका की मौत हो गई।