संकट में पैसा बनाने में जुटे नक्काल, धड़ल्ले से बेचे जा रहे नकली उत्पाद

महामारी से उपजे भय में नकली चिकित्सा उत्पाद बेचने वालों को लेकर फिक्की कासकेड ने चेताया।कहा- यह कोरोना को समाप्त करने के अभियान को भारी नुकसान पहुंचा सकता है।



नई दिल्ली। पिछले दिनों में उत्तर प्रदेश पुलिस ने नोएडा में नकली हैंड सैनेटाइजर बनाने वाली कंपनी को पकड़ा जिसके पास कोई लाइसेंस नहीं था लेकिन कोरोनावायरस की वजह से बाजार में जिस तरह से सैनेटाइजर की मांग थी उसकी वजह से इसका धंधा ठीक चल रहा था। देश के और भी कई हिस्सों से नकली मास्क, हैंडसैनेटाइजर समेत दूसरे स्वास्थ्य से जुड़े नकदी उत्पादों की बिक्री की खबरें सामने आ रही है।


इस समस्या के बढ़ते देख उद्योग चैंबर फिक्की की तरफ से नकली उत्पादों के खिलाफ अभियान चलाने के लिए गठित कमिटी एगेंस्ट स्मगलिंग एंड काउंटफिटिंग एक्टीविटीज डिस्ट्रॉइंग द इकोनोमी (कासकेड) ने सरकार को आगाह किया है। फिक्की कासकेड के चेयरमैन अनिल राजपूत ने कहा है कि कोरोनावायरस ने जिस तरह की चुनौती देश व समाज के सामने पेश की है उससे निपटने को प्रमुखता से लेने की जरुरत है। क्योंकि यह ना सिर्फ आर्थिक तौर पर नुकसानदायक है बल्कि यह कोरोना को समाप्त करने के अभियान को भारी नुकसान पहुंचा सकता है।