लॉकडाउन के दौरान पैनिक होने की जगह अपने शौक और पसंद की एक्टिविटीज पर करें फोकस

खुश और स्वस्थ रहकर ही लॉकडाउन पीरियड को आसानी से काटा जा सकता है। तो इसके लिए उन कामों की लिस्ट बनाएं जिसे करके आपको खुशी मिलती है। तभी ध्यान बटेगा और बोरियत दूर होगी।



इन दिनों कोविड-19 के कारण देश में लॉकडाउन चल रहा है। इस दौरान घर पर रहना जितना जरूरी है, उतना ही जरूरी है शारीरिक और मानसिक तौर पर स्वस्थ रहना। स्वस्थ रहने के लिए अपनी दिनचर्या में थोड़ा परिवर्तन करके तो देखिए। फर्क आपको स्वयं महसूस होगा।


रोज डिजटॉक्स करें शरीर को


शरीर में मौजूद हानिकारक तत्वों को रोजाना बाहर निकलना बहुत जरूरी है। इसके लिए सुबह-शाम गुनगुना पानी अवश्य पिएं। आप गुनगुने पानी में नींबू का रस डालकर भी पी सकती हैं। इसके साथ ही भोजन में लिक्विड डाइट की मात्रा अघिक हो। आजकल ठंडे पेय पदार्थों का सेवन नहीं करना है जिससे शरीर अनेक प्रकार के वायरस और बैक्टीरिया से सुरक्षित रहें। हेल्थ एक्सपर्ट्स का कहना है कि जिस प्रकार से बाहरी शरीर की साफ-सफाई जरूरी है ठीक उसी प्रकार से शरीर के आंतरिक अंगों की सफाई भी बहुत आवश्यक है।


पौधों की देखभाल


अगर आपके घर में गार्डन है या आपने अपने घर में गमलों में पेड़-पौधे सजा रखे हैं तो रोजाना सुबह-शाम इनकी देखभाल करें। आजकल मौसम में तेजी से परिवर्तन हो रहा है। ऐसे में पेड़-पौधों की सही तरह से देखभाल करें अर्थात अगर किसी पेड़-पौधे में कीड़े लग रहे हैं तो घर में मौजूद दवा का छिड़काव करें। जिन पौधों की पत्तियां पीली पड़ रही हों, उन्हें हटाएं। गार्डन और गमलों में लगे पेड़-पौधों की कटिंग करें जिससे फालतू की टहनियां दूर हों और पेड़-पौधों की अच्छी बढ़त हो।


अपने शौक पूरे करें


लॉकडाउन के दिनों को अपने शौक पूरा करने का जरिया बनाएं। हो सकता ह कि युवावस्था के दिनों में आपका कोई शौक रहा हो या अभी भी हो, लेकिन जिसे आप लंबे अर्से से पूरा नहीं कर पा रही थीं। आजकल वक्त है अपने शौक पूरा करने का। अगर पेंटिंग का शौक है तो हाथ में रंग-ब्रश लेकर अपने मनोभावों को कैनवास पर उतारें। अगर पढ़ने का शौक है तो किताबें पढ़ सकती हैं। ऑनलाइन किताबें पढ़ना भी एक अच्छा ऑप्शन है। अगर गाने का शौक है तो इसे पूरा कर सकती हैं। किसी वाद्ययंत्र को बजाने का शौक है तो इसके लिए रोजाना थोड़ा सा समय जरूर निकालें। शौक पूरा करने से शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य सही रहता है।